Showing posts with label Social Awareness. Show all posts
Showing posts with label Social Awareness. Show all posts

अब चुप नहीं रहूंगी

March 20, 2026
  सुबह की हल्की धूप खिड़की से अंदर आ रही थी। पूजा अपने कमरे में बैठी थी, हाथ पेट पर रखा हुआ था। सातवां महीना चल रहा था, लेकिन चेहरे पर खुशी ...Read More

रिश्तों की असली विरासत

March 17, 2026
  दोपहर का समय था। घर के आँगन में हल्की धूप फैली हुई थी। रसोई से दाल-चावल की खुशबू आ रही थी, लेकिन रितिका का मन कहीं और ही उलझा हुआ था। शादी...Read More

सच का दरवाज़ा

March 13, 2026
  सुबह की हल्की ठंडी हवा चल रही थी। गली में दूधवाले की घंटी बज रही थी और लोग अपने-अपने काम में व्यस्त थे। उसी गली के एक छोटे से घर की खिड़की...Read More

जब माँ ने चुप्पी तोड़ दी

March 06, 2026
  शाम का समय था। आंगन में नीम के पेड़ की छाया धीरे-धीरे फैल रही थी। रामनारायण जी चारपाई पर बैठे थे और उनकी पत्नी सावित्री देवी रसोई में चाय ...Read More

खामोशी का बोझ

March 02, 2026
सुबह के सात बजे थे। घर में सब कुछ सामान्य था… रसोई में चाय की केतली उबल रही थी, आँगन में धूप उतर आई थी, घड़ी अपनी रफ्तार से चल रही थी… पर घर...Read More
Powered by Blogger.