खामोश परवाह

April 20, 2026
  सुबह का उजाला धीरे-धीरे कमरे में फैल रहा था, लेकिन घर का माहौल अभी भी चुप और थमा हुआ सा था। नेहा की आंख खुली तो उसने देखा—कमरे में रोशनी क...Read More

हीरे की पहचान

April 19, 2026
  कमला जी ने जैसे ही दवाई का डिब्बा खोला, दरवाज़े की घंटी तेज़ी से बज उठी। रात काफी हो चुकी थी, इसलिए उनका दिल हल्का-सा घबरा गया। “इतनी रात ...Read More

सीख जो घर बचा ले

April 19, 2026
  शाम का समय था। घर के आँगन में तुलसी के पास दिया जल रहा था और हल्की ठंडी हवा चल रही थी। राधा अपने मायके आई हुई थी। उसकी शादी को अभी दो साल ...Read More

जब रमा ने खुद को चुन लिया

April 19, 2026
  रमा खिड़की के पास खड़ी बाहर देख रही थी। हल्की हवा चल रही थी, लेकिन उसके मन में अजीब सा बोझ था। आज उसे अपने मायके से वापस ससुराल जाना था। घ...Read More
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